भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान के साथ एमओयू का उद्देश्य विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्रों को फार्मेसी, हैल्थकेयर, पैरा मेडिकल, आयुर्वेद के क्षेत्र में अपार सम्भावनाओ के प्रति जागरूक व उद्यमिता हेतु प्रेरित करना है. ईडीआईआई, विश्वविद्यालय के छात्रों को हेल्थकेयर, नर्सिंग, फार्मेसी और आयुर्वेद के क्षेत्र में उद्यमिता हेतु सहयोग करेगा जिससे यहां के छात्र उद्यमी बनकर समाज व देश के विकास में योगदान कर सकें.
पूर्वी उत्तर प्रदेश में शोध, अनुसंधान एवं नवाचार के साथ रोजगारपरक शिक्षा की ओर अग्रसर महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, आरोग्यधाम गोरखपुर, भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान (ईडीआईआई) अहमदाबाद के सहयोग से छात्रों को उद्यमी बनाएगा, उनके स्टार्टअप्स में मददगार बनेगा. इसे लेकर शनिवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के परिसर में भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान, अहमदाबाद के साथ एक एमओयू साइन किया गया. गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलाधिपति मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ हैं. गोरखनाथ विश्वविद्यालय की स्थापना शिक्षा व स्वास्थ्य क्षेत्र के उन्नयन तथा रोजगारपरकता के लिए उनकी दूरदर्शिता का ही परिणाम है.भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान के साथ एमओयू का उद्देश्य विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्रों को फार्मेसी, हैल्थकेयर, पैरा मेडिकल, आयुर्वेद के क्षेत्र में अपार सम्भावनाओ के प्रति जागरूक व उद्यमिता हेतु प्रेरित करना है. ईडीआईआई, विश्वविद्यालय के छात्रों को हेल्थकेयर, नर्सिंग, फार्मेसी और आयुर्वेद के क्षेत्र में उद्यमिता हेतु सहयोग करेगा जिससे यहां के छात्र उद्यमी बनकर समाज व देश के विकास में योगदान कर सकें.महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय की ओर से कुलपति मेजर जनरल डॉ. अतुल वाजपेयी (सेवानिवृत्त) और ईडीआईआई अहमदाबाद की ओर से महानिदेशक डॉ. सुनील शुक्ल ने एमओयू पर हस्ताक्षर किये. इस अवसर पर डॉ. वाजपेयी ने एमओयू की उपयोगिता पर जोर देते हुए इसे छात्रों को विविध क्क्षेत्रों में उद्यमी बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया. उन्होंने कहा कि अब इस विश्वविद्यालय के छात्र स्टार्टअप हेतु बेहतर मार्गदशन प्राप्त कर सकेंगे. इस अवसर पर डॉ. सुनील शुक्ल ने महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय को धन्यवाद देते हुए कहा, “यह एमओयू निश्चित ही पूर्वांचल के युवाओ को फार्मेसी, आयुष, हेल्थकेयर आदि संभावित क्षेत्रों में बेहतर अवसर प्रदान करेगा. आने वाले समय में ये छात्र रोजगार सृजन करते हुए पूर्वांचल के सर्वांगीण विकास में सहयोगी बनेंगे.” उन्होंने कहा कि नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने व छात्रों को स्वरोजगार से जोड़ने के उदेश्य से ईडीआईआई द्वारा कई विश्वविद्यालयों के साथ जमीनी स्तर पर कार्य कर किया जा रहा है.इस अवसर पर महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. प्रदीप राव, ईडीआईआई अहमदाबाद में पॉलिसी एडवोकेसी और रिसर्च विभाग एवं उत्तर क्षेत्रीय कार्यालय के प्रभारी डॉ. अमित कुमार द्विवेदी भी मौजूद थे. भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान (ईडीआईआई) का प्रधान कार्यालय गांधी नगर, गुजरात में है. ईडीआईआई ने कई राज्यों में क्षेत्रीय एवं परियोजना कार्यालय स्थापित किये हैं, जहां से राज्य की उद्यमिता की विभिन्न परियोजनाओ को संचालित किया जाता है. यह संस्थान भारत सरकार के कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय से उत्कृष्टता केंद्र (सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस) के रूप में मान्यता प्राप्त है. यह संस्थान शिक्षा, अनुसंधान, प्रशिक्षण, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उद्यमिता को बढ़ावा देने के क्षेत्र में एक नेशनल रिसोर्स आर्गेनाइजेशन है. ईडीआईआई को सामान्य (गैर-तकनीकी) श्रेणी में अटल रैंकिंग ऑफ़ इंस्टिट्यूशन ऑन इनोवेशन अचीवमेंट्स (ARIIA) – 2021 द्वारा संस्थानों की रैंकिंग के तहत प्रथम स्थान दिया गया है.


