लोकमतसत्याग्रह/केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह रविवार देररात विशेष विमान से भोपाल पहुंचे। शाह सोमवार को कुशाभाऊ हॉल में इंटर स्टेट काउंसिल की बैठक समेत पांच कार्यक्रमों में भाग लेंगे। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर धामी भी भोपाल पहुंच गए है। अमित शाह रात 11 बजे भोपाल पहुंचने वाले थे लेकिन भारी बारिश के चलते वे देर भोपाल पहुंचे। भारी बारिश के चलते छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल का भोपाल दौरा कैंसिल हो गया है।खराब मौसम के चलते सीएम बघेल रायपुर स्टेट हैंगर से वापस लौट गए। वहीं यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ के भोपाल पहुंचने की भी स्पष्ट जानकारी नहीं है। माना जा रहा है कि बैठक वर्चुअल होगी। भोपाल में जारी बारिश के चलते राजाभोज एयरपोर्ट पर जीरो विजिबिलिटी है, जिसके कारण फ्लाइट लैंड नहीं हो पा रही है।
सबसे पहले क्षेत्रीय परिषद की बैठक
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सुबह 10:45 बजे कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर (मिंटो हॉल) पहुंचे। यहां 11 से 1 बजे तक मध्य क्षेत्रीय परिषद की 23वीं बैठक हो रही है। इसमें सीएम शिवराज सिंह चौहान और उत्तराखंड के सीएम पुष्कर धामी मौजूद हैं। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल वर्चुअल शामिल हुए हैं। लंच के लिए 1 बजे से 2 बजे तक का समय रखा गया है। बैठक में अनुसूचित जाति, जनजाति कल्याण, किसान कल्याण, महिलाओं, बच्चों के विरुद्ध अपराध की विवेचना, आंतरिक सुरक्षा, आतंकवाद और नक्सलवाद की रोकथाम के लिए विचार- विमर्श हो रहा है।
नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी का भूमिपूजन
दोपहर 2 बजे गृहमंत्री लाल परेड ग्राउंड पर पहुंचकर हेलिकॉप्टर से मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी, बरखेड़ा बोंदर में बने हैलीपेड पर उतरेंगे। दोपहर ढाई बजे से साढ़े 3 बजे तक नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी के भूमिपूजन कार्यक्रम में शिरकत करेंगे।
पुलिस आवासों का लोकार्पण
दोपहर 3:30 बजे बरखेड़ा बोंदर से हेलिकॉप्टर के जरिए लाल परेड ग्राउंड आएंगे। कार से रवीन्द्र भवन 3:50 बजे पहुंचेंगे। रविन्द्र भवन में पुलिस आवासों और प्रशासनिक भवनों का लोकार्पण करेंगे।
नई शिक्षा नीति पर व्याख्यान
शाम करीब 5 बजे रविन्द्र भवन से विधानसभा पहुंचेंगे। कुशाभाऊ ठाकरे जन्मशती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित भारत की नई शिक्षा नीति के सेमिनार में भाग लेंगे। विधानसभा में करीब सवा घंटे तक कार्यक्रम में शाह रहेंगे।
सीएम हाउस में करेंगे डिनर
शाम 6:30 पर विधानसभा से रवाना होकर अमित शाह सीएम हाउस, श्यामला हिल्स पहुंचेंगे। शाम पौने 7 बजे से 7:30 तक सीएम हाउस में डिनर के लिए टाइम रिजर्व रखा गया है। साढ़े सात बजे यहां वापस होटल ताज पहुंचेंगे।
सहकारिता का कार्यक्रम
रात करीब पौने आठ बजे से होटल ताज में कृषि विपणन में सहकारी संस्थाओं के रोल को लेकर आयोजित बैठक में शामिल होंगे। रात 8:45 बजे पर शाह होटल ताज से रवाना होकर रात 9:10 बजे स्टेट हैंगर पर पहुंचकर दिल्ली रवाना होंगे।
2005 के बाद भोपाल में हो रही क्षेत्रीय परिषद की बैठक
मप्र की राजधानी भोपाल में 17 साल बाद इंटर स्टेट काउंसिल की बैठक होगी। इससे पहले साल 2005 में 24 मई को भोपाल में क्षेत्रीय परिषद की बैठक हुई थी। आज की बैठक में मप्र, छत्तीसगढ़, यूपी, और उत्तराखंड के मुख्यमंत्रियों के अलावा इन राज्यों के चीफ सेक्रेटरी और दो-दो मंत्री भी शामिल होंगे। इंटर स्टेट काउंसिल की यह 23 वीं बैठक आयोजित होगी।
2020 में रायपुर की मीटिंग में कमलनाथ हुए थे शामिल
इससे पहले क्षेत्रीय परिषद की बैठक 2020 में छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आयोजित की गयी थी। जिसमें मध्यप्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ भी शामिल हुए थे। दरअसल, क्षेत्रीय मध्य परिषद का गठन केंद्र सरकार और परिषद में शामिल राज्यों के समन्वय से इन राज्यों में संतुलित सामाजिक और आर्थिक विकास के साथ, अंतर्राज्यीय समस्याओं को हल करने के उद्देश्य से एक उच्च स्तरीय सलाहकार मंच के रूप में किया गया है। जिसमे परिषद् में शामिल राज्यों के मुख्यमंत्री अपने अपने राज्य की कुछ प्रमुख समस्याओं पर चर्चा करते हैं।
प्रदेश के कल्याण के लिए दौरा महत्वपूर्ण
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री का दौरा प्रदेश की प्रगति, विकास, किसान और जनकल्याण की दिशा में महत्वपूर्ण होगा। इंटर स्टेट काउंसिल परिषद की बैठक में अनुसूचित जाति-जनजाति कल्याण, किसान कल्याण, महिला और बच्चों के विरुद्ध अपराध की विवेचना, आतंरिक सुरक्षा, आतंकवाद और नक्सलवाद की रोकथाम जैसे विषयों पर व्यापक विचार विमर्श होगा। इसका लाभ चारों प्रदेशों को मिलेगा। सीएम ने कहा कि गृहमंत्री नेशनल फारेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी के कैंपस का भूमिपूजन करके मध्यप्रदेश को सौगात देंगे। अभी यूनिवर्सिटी के चार पाठ्यक्रम प्रारंभ हैं और जब कैंपस बन जाएगा तो 20 पाठ्यक्रम और शुरू हो जाएंगे। सीएम ने कहा कि इससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। पुलिस अधिकारी-कर्मचारी, न्यायाधीश और अभियोजक भी यहां प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे।


