लोकमातसत्याग्रह/ग्वालियर में 78 देशी व अंग्रेजी अहाते व कलारी शनिवार (एक अप्रैल 2023) से बंद हो जाएंगे। इन अहातों में औसतन हर दिन 50 हजार से अधिक लोग बैठकर शराब पीते थे। नई आबाकरी नीति के तहत शराब अहाते व कलारी बंद होने के बाद सड़क पर पुलिस के लिए चुनौती बढ़ जाएगी। शराब दुकानों के पास चार पहिया वाहनों में खड़े होकर शराब पीने वालों को काबू करना होगा। इतना ही नहीं शराब दुकानों के पास पार्क, सूनी सड़कों पर भी पुलिस को चौकसी बढ़ानी होगी। अहाते व कलारी बंद होने के बाद अब शौकीन शराब दुकान से शराब खरीद सकेंगे, लेकिन शराब का सेवन नहीं कर सकेंगे। पुलिस ने भी कमर कस ली है। शनिवार से शराब दुकानों के आसपास चैकिंग लगाई जाएगी। जिससे सड़कों पर शराब का सेवन करने वाले और नशे में वाहन चलाने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मध्य प्रदेश में काफी समय से शराबबंदी की मांग को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती लगातार अभियान चला रही थीं। यह साल चुनावी साल है इसलिए शिवराज सरकार पर काफी दबाव था। शिवराज सरकार को महिलाओं का वोट भी लेना था और शराबबंदी भी नहीं कर सकते थे, क्योंकि उससे मिलने वाला रेवेन्यू काफी जरुरी है। इसलिए शिवराज सरकार ने यह नई पहल की है। पूरे मध्य प्रदेश में 1 अप्रैल से लागू होने वाले नए सत्र के लिए आबकारी नीति परिवर्तन कर पूरे मध्य प्रदेश में आज शनिवार से अहाते, कलारी बंद हो गए हैं। ग्वालियर में 78 अहाते व कलारी हैं और इनमें हर दिन औसतन 50 से 55 हजार लोग शराब का सेवन करते थे। इनमें से 20 प्रतिशत तो बीयर बार में शिफ्ट हो जाएंगे, लेकिन 80 फीसदी लोग सड़कांे पर ही शराब का सेवन करेंगे इन्हें रोकना पुलिस के लिए चुनौती हो जाएगा।
बीते पांच वर्ष से बढ़ा था अहाता व कलारी का चलन
देशी व अंग्रेजी शराब कारोबार को नियंत्रित करने वाला आबकारी विभाग शुरू में घर से बाहर शराब पीने वालों के लिए देशी वाले ग्राहकों के लिए कलारी व अंग्रेजी शराब के ग्राहकों के लिए बीयर बार का संचालन करता था। विगत पांच वर्ष से अंग्रेजी शराब के लिए शराब दुकानों के बगल में ही पीने वालों के लिए अहाते बन गए थे। विगत वर्ष से अहातों व कलारी पर कंपोजिट व्यवस्था के तहत देशी व अंग्रेजी शराब एक साथ मिलने लगी थी, अब इन अहाता, कलारी को बंद कर दिया गया है।
बंद होने लगे थे बार, 36 से 31 रह गए
शराब दुकानों के अहातों की व्यवस्था शुरू होने पर बीयर बार खतरे मंें पढ़ गए थे। कोरोना से पहले बीयर बार की संख्या 36 थी जो कि विगत वर्ष तक 28 तक पहुंच गई थी। अब यह संख्या फिर बढ़ने लगी है। वर्तमान में ग्वालियर में 31 बार संचालित हैं और दो नए बार के आवेदन आबकारी विभाग के पास लंबित हैं। सरेंडर हुए बार लाइसेंस भी रिन्युअल हो रहे हैं। अहाते बंद होने पर अप्रैल में नए बार के लाइसेंस के आवेदन विभाग में बढ़ने की संभावना है।
लगातार चलाएंगे शराबखोरी रोकने चैकिंग
सीएसपी विजय सिंह भदौरिया का कहना है कि ग्वालियर में वाहन व सड़कों पर शराब पीने वालों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई की जाएगी। अहाते व कलारी बंद होने पर जिन क्षेत्रों में परेशानी आएगी ऐसे क्षेत्रों को चिन्हित कर नियमित रूप से एक्शन लिया जाएगा।
आबकारी विभाग का कहना
सहायक आबकारी आयुक्त संदीप शर्मा का कहना है कि नई आबकारी नीति शराब दुकान के पास ही अहाते व कलारी में बैठकर शराब पीने की व्यवस्था खत्म कर दी गई है। अप्रैल में यह बंद हो जाएंगे। नई व्यवस्था लागू होने पर विभाग शहर में अलग-अलग टीमें गठित कर निरीक्षण की प्रक्रिया बढ़ाएगा।


