कोच्चि शिपयार्ड और भारतीय नौसेना का करार, मिसाइल वैसल्स के लिए 9 हजार करोड़ का कॉन्ट्रेक्ट

लोकमातसत्याग्रह/कोच्चि शिपयार्ड लिमिटेड और भारतीय नौसेना ने करार किया है। नौसेना ने अगली पीढ़ी के 6 मिसाइल वैसल के निर्माण का कॉन्ट्रेक्ट दिया है। दोनों के बीच 9,805 करोड़ रुपए का कांट्रेक्ट हुआ है। इसके अलावा कोच्चि लिमिटेड 2027 से नौसेना को जहाजों की डिलीवरी देना भी शुरू कर देगा। शिपयार्ड ने कहा कि कॉन्ट्रेक्ट से हमने एक मिसाल पेश की है कि अब हम उन्नत हथियारों का निर्माण भी कर सकते हैं।

दुश्मनों के जहाजों को सह सकेंगे जहाज

शिपयार्ड ने कहा कि दुश्मन के युद्धपोतों के आक्रमण को सहने की क्षमता ही हमारे जहाजों का मुख्य उद्देश्य है। मार्च 2027 से जहाजों की डिलीवरी की जाएगी। मिसाइल वेसल तेज रफ्तार और खतरनाक हथियारों से लैस होगा। जहाज समुद्र के अंदर और सतह पर युद्ध करने में सक्ष्म होंगे। साथ ही जहाज दुश्मन जहाजों के चोक पॉइंट्स के लिए शक्तिशाली साधन होगा। जहाजों को नौसेना के समुद्री तटीय सुरक्षा के लिए इस्तेमाल किया जाएगा।

आईएनएस विक्रांत भी इसी कंपनी ने बनाया 

शिपयार्ड लिमिटेड के सीएमडी मधु एस नायर ने कहा कि देश के पहले स्वदेशी एयरक्राफ्ट करियर आईएनएस विक्रांत की सफलतापूर्वक डिलीवरी के बाद शिपयार्ड मिसाइल वेसल के निर्माण के लिए उत्सुक है। इसके अलावा कंपनी नौसेना के लिए आठ एंटी सबमरीन वॉर फेयर शैलो वाटर क्राफ्ट भी बना रही है।

Leave a comment