शहर में बढ़ रहा फूड बिजनेस और रेस्त्रां चेन

लोकमतसत्याग्रह/ शहर में अब व्यापार के तरीकों में बदलाव आया है। दिन-प्रतिदिन की कमाई और माल की उधारी न होने से लोग फूड बिजनेस में हाथ आजमा रहे हैं। इसके लिए कई लोग खुद के रेस्टोरेंट खोल रहे हैं, तो कुछ फेमस रेस्त्रां चेन की फ्रेंचाइजी ला रहे हैं। अकेले सिटी सेंटर इलाके की बात की जाए तो यहां 200 से अधिक छोटे-बड़े फूड बिजनेस चल रहे हैं। इनमें स्टाल से लेकर बड़े रेस्टोरेंट शामिल हैं। इसके अलावा स्नैक्स और फास्ट फूड बिजनेस भी तेजी से शहर में बढ़ रहा है।

वर्ष 2019 की समाप्ति तक शहर में खानपान के कुछ ही प्रसिद्ध प्रतिष्ठान थे, जो वर्षों से अपने जायके के लिए पहचाने जाते हैं। वर्ष 2020 में कोरोना महामारी के चलते फूड बिजनेस ठप होने के कगार पर पहुंच गए थे, लेकिन अब इनमें दोबारा जान आनी शुरू हो गई है। शहर के कई इलाके अब फूड हब के रूप में विकसित होते जा रहे हैं। इनमें चौपाटी के अलावा गुरुद्वारा के पीछे, गोविंदपुरी, पटेल नगर, मयूर मार्केट, तानसेन नगर स्टेट बैंक चौराहा सहित कई इलाके शामिल हैं। इसके अलावा प्रसिद्ध रेस्त्रां चेन भी शहर में आ रहे हैं। इनमें बिरयानी से लेकर बर्गर, पिज्जा, मोमोज, केक्स, सोया चाप डिशेज के प्रसिद्ध रेस्त्रां शामिल हैं।

क्यों फूड बिजनेस में बढ़ा रुझान

-कम जगह और बजट में बिजनेस की शुरुआत हो जाती है।

-मार्केट से उधारी मिल जाती है, लेकिन ग्राहकों से नगद पैसा मिलता है।

-स्टाक का बैकलाग कम बचता है और माल बर्बाद नहीं जाता है।

-मुनाफा भी बेहतर है। कई आइटम्स में 50 से 60 फीसद तक प्राफिट मिलता है।

फूड बिजनेस के लिए छोड़ रहे नौकरी

शहर में कई ऐसे उदाहरण हैं, जहां लोग अच्छी खासी नौकरी छोड़कर फूड बिजनेस में हाथ आजमा रहे हैं। शहर में एसबी रोल्स के नाम से आउटलेट चलाने वाले सागर ब्रदर्स एमबीए करने के बाद नौकरी छोड़कर इस बिजनेस में कूदे और आज सफल साबित हो रहे हैं। मर्चेंट नेवी के आफिसर अभिनव सक्सेना ने नौकरी छोड़कर द् नूडल्स कंपनी (टीएनसी) के नाम से रेस्टोरेंट शुरू किया है, जिसमें चाइनीज और थाई व्यंजन परोसे जा रहे हैं।

बिजनेस की दृष्टि से देखा जाए तो कम जगह और बजट में फूड बिजनेस की शुरुआत की जा सकती है। इसके अलावा अब लोगों में सैरसपाटे का चलन भी बढ़ा है। फूड बिजनेस में मार्जिन भी अच्छा है। यही कारण है कि शहर में इसका ट्रेंड बढ़ रहा है।

डा. प्रवीण अग्रवाल, अध्यक्ष, चैंबर आफ कामर्स

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