लोकमतसत्याग्रह/नवरात्र के पहले दिन सराफ बाजार में बूम आ गया। पहले दिन ही सोने चांदी की दुकानों पर जमकर खरीदारी हुई। अनुमान लगाया जा रहा है कि पहले दिन करोड़ों रूपये के गहने बिके हैं, जिससे सराफा कारोबारियों के चेहरे पर रौनक आ गई। नवरात्र में वे लोग खरीदारी करने के लिए पहुंचे जिनके घर में सगाई है विवाह की तैयारियां चल रही है। लोगों ने ज्वेलरी में सोने चांदी के अलावा हीरे के गहनों की भी जमकर खरीदारी की। इन दिनों सबसे अधिक मांग टेंपल ज्वैलरी, एंटिक ज्वैलरी और अलग अलग शहरों से आने वाले डिजाइनर गहनों की मांग बढ़ी है।
टर्किश कलेक्शन की मांग
सराफा कारोबारियों के मुताबिक नवरात्र में सहालग की खरीद शुरू हो चुकी है। इसलिए अब लोग नए नए कलेक्शन की मांग कर रहे हैं। इन दिनों टर्किश कलेक्शन की मांग बढ़ चुकी है। टर्किश कलेक्शन में जालीदार गहने होते हैं।इसके अलावा अहमदाबाद का एंटिक कलेक्शन की मांग भी खूब हो रही है। टेंपल कलेक्शन को लोग अधिक पसंद कर रहे हैं।
इन शहरों से आ रहे नए नए डिजाइन के गहने
नवरात्र में सोने के दाम बढ़ने लगे है तो लोग भी गहने खरीद कर निवेश कर रहे हैं। दुकानों पर केरला का पीला सोना लोग काफी पसंद कर रहे हैं जो दिखने में पतला और चौड़ा होता है दूर से देखने में भारी नजर आता है। इसी तरह से कम लागत में कलकत्ता की जाली व नक्कसी वाले गहनों को काफी पसंद किया जा रहा है। वही राजकोट की कटिंग की महिलाओं में काफी मांग है।
एक सप्ताह में सोना पर बढ़े 2800 रुपये
एक सप्ताह पहले सोना 59 हजार रुपये प्रति दस ग्राम भाव पर आ चुका था। तीन दिन पहले प्रति दस ग्राम 600 रुपये सोना बढ़ा और शनिवार को सोने का भाव 61800 रुपये पर जा पहुंचा। सोमवार को सोने का और भाव बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। इसी तरह से चांदी के दाम भी प्रति किलो 74000 रुपये हो चुका है।
इजराइल और हमास के युद्ध के चलते सोने चांदी के दाम बढ़ने लगे हैं। यदि युद्ध लंबा चलता है तो दाम लगातार बढ़ेंगे। नवरात्र के पहले दिन बाजार अच्छा रहा। लोग सहालग के लिए अभी से खरीदारी करने लगे हैं। जिससे बाजार में उठाव आ चुका है।
अखिलेश गोयल, स्वर्णा ज्वैलर्स
नवरात्र में पहला दिन काफी अच्छा रहा। छोटे बड़े सभी तरह के ग्राहक आ रहे हैं। नए नए डिजाइन की ज्वैलरी की ग्राहकों द्वारा मांग की जा रही है। मुंबई,दिल्ली, कलकत्ता, गुजरात आदि जगहों से नए डिजाइन के गहने आ रहे हैं।जिन्हें काफी पसंद भी किया जा रहा है।
पुरुषोत्तम जैन, सोना चांदी व्यवसायी संघ लश्कर


