लोकमतसत्याग्रह/शहर में जल्द ही एक दिन छोड़कर पानी की आपूर्ति की शुरूआत की जाएगी। नगर निगम द्वारा मेयर इन काउंसिल में रखे प्रस्ताव को सहमति मिलने के बाद में जलप्रदाय का प्लान तैयार किया गया है, जिसे परिषद की बैठक में रखकर स्वीकृति ली जाएगी। वर्तमान में नगर निगम ने अपने चार प्लांट यानी मोतीझील स्थित नए व पुराने प्लांट, तिघरा और जलालपुर स्थित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से एक दिन छोड़कर विधानसभावार आपूर्ति का प्लान बना लिया है। वर्तमान में नगर निगम द्वारा 11.50 एमसीएफटी पानी तिघरा से लिया जा रहा है। एक दिन छोड़कर जलप्रदाय की स्थिति में निगम द्वारा आठ से नौ एमसीएफटी पानी ही तिघरा से लिया जाएगा, ताकि जुलाई माह तक शहर की आवश्यकता को पूरा किया जा सके।
तिघरा बांध का फुट टैंक लेवल 740 फीट है, लेकिन वर्तमान में यह 728.65 फीट ही भरा हुआ है। तिघरा बांध में वर्तमान में सिर्फ 47.64 प्रतिशत पानी ही शेष बचा हुआ है। बांध में अब 2249.36 एमसीएफटी पानी शेष है। यदि प्रतिदिन आपूर्ति की जाए, तो सिर्फ 195 दिन के लिए ही सप्लाइ हो सकेगी। इसका मतलब है कि जून माह तक ही शहर की आबादी को पानी मिल सकेगा। इसको देखते हुए जलसंसाधन विभाग ने नगर निगम को पत्र लिखकर एक दिन छोड़कर पानी की आपूर्ति करने के लिए कहा था। निगमायुक्त हर्ष सिंह ने इस आधार पर मेयर इन काउंसिल को प्रस्ताव भेजा, जहां इसे स्वीकृत कर दिया गया। अब इसे परिषद में भेजकर स्वीकृति ली जाएगी। परिषद की स्वीकृति मिलते ही नई व्यवस्था को लागू कर दिया जाएगा और एक दिन छोड़कर आपूर्ति की जाएगी।
96 टंकियों के आधार पर बनाया प्लान
मोतीझील स्थित पुराने और नए प्लांट की क्षमता 68-68 एमएलडी है। पुराने प्लांट से जहां 11, तो वहीं नए प्लांट से 12 टंकियां भरी जा रही हैं। तिघरा बांध के नजदीक मौजूद प्लांट की क्षमता 52 एमएलडी है और इससे 20 टंकियां भरी जा रही है। इसमें हनुमान पहाड़ी वाली तीन टंकियां डायरेक्ट भरी जाती हैं। जलालपुर पर प्लांट की क्षमता 160 एमएलडी है। इसमें ग्वालियर विस की 23 टंकी और पूर्व विस की 33 टंकियां भरी जा रही हैं। पहले शहर में कुल 52 टंकियां बनी हुई थीं, लेकिन अमृत योजना के तहत नई टंकियों का निर्माण किया गया। अब इनकी कुल संख्या 96 हो चुकी है।
ऐसे होगी आपूर्ति
- जलालपुर प्लांट से पहले दिन पूर्व विधानसभा के थाटीपुर, मुरार, जड़ेरुआ, कृष्णा नगर, अशोक कालोनी, सुरेश नगर, थाटीपुर बजरिया, शारदा विहार, कलेक्ट्रेट, मीरा नगर, कर्मचारी आवास कालोनी, दर्पण कालोनी, तुलसी विहार, डाइट, बीएसएफ कालोनी, शताब्दीपुरम, नारायण विहार, कुंज विहार, अमलताश कालोनी, पिंटो पार्क, महाराजपुरा, महाराजा काम्प्लेक्स डीडी नगर, डीडी नगर के डीए, एफ और जी सेक्टर में बनी टंकियों के अलावा रेलवे कालोनी, सिंधिया नगर, आरकेवीएम, हुरावली, रिसाला बाजार, शिव कालोनी और एमिटी पहाड़ी की टंकियों से सप्लाई होगी।
- जलालपुर से दूसरे दिन ग्वालियर विधानसभा की कांच मील, गांधी नगर, नूरगंज, सत्यनारायण की टेकरी, द्वारकापुरी, जगनापुरा, पीएचइ कालोनी, किलागेट, रेशम मिल, साकेत नगर, तानसेन नगर, 12 बीघा, चंदन नगर, कोटेश्वर, विनय नगर सेक्टर तीन व चार, आनंद नगर, हीरा भूमिया 1 व 2, माता मंदिर, झलकारी बाई टंकियों से पानी की आपूर्ति होगी।
- मोतीझील पुराने प्लांट से एक दिन आमखो व ग्वालियर तो दूसरे दिन रक्कास टैंक और नए प्लांट से एक दिन दक्षिण विस तो दूसरे दिन रक्कास टैंक में आपूर्ति होगी। तिघरा में छह टंकी से पहले दिन, 11 टंकी से दूसरे दिन और पांच टंकी से पहले व दूसरे दिन सप्लाइ होगी।
जल्द लागू होगी नई व्यवस्था
एक दिन छोड़कर जलप्रदाय का प्लान बना लिया गया है। एमआइसी ने इसकी स्वीकृति दे दी है। जल्द ही इसे परिषद में रखकर स्वीकृति ली जाएगी और नई व्यवस्था लागू की जाएगी।
हर्ष सिंह, आयुक्त नगर निगम


