लोकमतसत्याग्रह/शहर में संचालित 300 मैरिज गार्डनों में से अधिकांश के पास आग लगने की घटनाओं से बचाव के कोई इंतजाम ही नहीं हैं। रंगमहल में हुई आगजनी के बाद नगर निगम प्रशासन की अब नींद खुली है, जिसको लेकर मैरिज गार्डनों का निरीक्षण किया जा रहा है। रविवार को नगर निगम के अफसर दल बल के साथ पांच मैरिज गार्डनों और दो कोचिंग संस्थानों में पहुंचे, यहां अग्निशमन यंत्रों की व्यवस्था ठीक न मिलने पर उन्हें सील कर दिया गया। अधीक्षण यंत्री डा. अतिबल सिंह यादव का कहना है कि अभियान के तौर पर हर दिन उन संस्थानों का निरीक्षण होगा, जिन्हें नोटिस दिया गया है। इन्हें किया सील: अधीक्षण यंत्री डा. अतिबल सिंह यादव ने बताया कि दोपहर के समय दल संस्कृति गार्डन, चंद्रशेखर गार्डन, भगत सिंह गार्डन, मधुर मिलन गार्डन, ग्रैंड पार्क गार्डन सहित दो कोचिंग संस्थान रेजोनेंस कोचिंग सिटी सेंटर व ज्ञानदा अकादमी पहुंचा था। जहां पर आगजनी से बचाव के कोई भी ठोस उपाय नहीं मिलने पर संस्थानों को शील करने की कार्रवाई की गई। इन संस्थानों में यह मिली थी स्थिति: नगर निगम अमला जब संस्कृति गार्डन, चंद्रशेखर गार्डन, भगत सिंह गार्डन, मधुर मिलन गार्डन, ग्रैंड पार्क गार्डन में पहुंचा तो वहां पर फाइबर और थर्माकाल से एक बड़ा कवर्ड हाल बना मिला था, जिसमें सिल्क पर्दे, मेटी आदि बिछा रखी थीं। इन गार्डनों में रसोई थी, लेकिन किसी भी स्थान पर फायर हाइड्रेंट सिस्टम लगा नहीं मिला और न ही फायर इक्विपमेंट मिले। आलम यह था कि पानी का टैंक तक नहीं बना रखा था जो आगजनी जैसी घटनाओं के दौरान पानी डालकर काबू पाया जा सके।
कोचिंग सेंटर में भी बुरे हाल
निगम अमला रेजोनेंस कोचिंग सिटी सेंटर व ज्ञानदा अकादमी पहुंचा तो वहां पर भी आगजनी से बचाव के कोई उपाय नहीं मिले। यहां तक कि फायर इक्विपमेंट तक नहीं रखे थे। ऐसे में आगजनी की घटना हो तो उसपर काबू नहीं पाया जा सकता है। इन हालातों को देखते हुए दोनों कोचिंग सेंटर पर कार्रवाई की गई।


